Namaz

Namaz

wuzu-ke-farz

वजू के फ़र्ज़, वाजिब, सुन्नतें, मकरूहात और मुस्तहब्बात

वजू के फ़र्ज़: एक बार अच्छी तरह हर अंग को धोना, पूरा चेहरा धोना।
दोनों हाथ कुहनियों समेत धोना।
टखनों समेत दोनों पांव धोना।
चौथाई सर का मसह करना।
वाजिब, सुन्नतें, मकरूहात और मुस्तहब्बात

sazda-e-sahav---namaz-ke-liye-zaruri-cheeje

सजदा-ए-सहव

सजदा-ए-सहव​: नमाज़ के फ़र्जो में से अगर कोई फ़र्ज़ छूट जाए तो नमाज़ दोबारा पढ़नी पड़ेगी। अगर कोई वाजिब भूले से रह जाए या फ़र्ज़ में देर या दोबारा हो जाए…

panch-waqt-ki-namaze

पांच वक्त की नमाजें

पांच वक्त की नमाजें​: फज्र की नमाज़- पहले दो रक्त सुन्नत, इसके बाद दो रक्अत फर्ज।
दैनिक नमाज़ के प्रकार​: दिन-रात में पांच नमाज़े फ़र्ज़ हैं, लेकिन फ़र्ज़ के अलावा पांच नमाज़ों के साथ पहले या बाद में कुछ सुन्नत और नफ़्ल नमाज़े भी पढ़ी जाती हैं, जिनकी तफ़सील नीचे दी जा रही है।…

takbire-tahrima,-ruku,-tahmid,-tasbeeh

तक्बीरे हरीमा, रुकूअ​, तस्मीअ, तहमीद

तक्बीरे हरीमा: अल्लाहु अक्बर
तर्जुमा: अल्लाह बहुत बड़ा है।,
रुकूअ: सुब्हा न रब्बियल अज़ीम०
तर्जुमा: पाकी बयान करता हूं मैं अपने परवरदिगार बुजुर्ग की।​
तस्मीअ, तहमीद, सज्दे में तस्बीह

tashhadud ya attahiyaat

तशहदुद या अतहीयात

तशहदुद या अतहीयात​: अत्तहीयातु लिल्लाहि वस्स-लवातु वतय्यिबातु अस्सलामु अलै-क अय्युहन्नबीयु व रह-मतुल्लाहि व ब-र-कातुहू…

namaz-me-salam

नमाज में सलाम

नमाज में सलाम​: अस्सलामु अलैकुम व रमतुल्लाह
(सलाम हो तुम पर और रहमत अल्लाह की)
सलाम के बाद की दुआ: अल्लाहुम-म अन्तस्सलामु व मिनकस्सलामु व इलैका यरजेउस्सलामू…

hazat-ki-namaz

हाजत की नमाज़​

हाजत की नमाज़: हज़रत अब्दुल्लाह बिन अबी औफ़ा रज़ियल्लाहु अन्हु से रिवायत है कि अल्लाह के रसूल सल्लल्लाहु अलिह व सल्लम ने इर्शाद फ़रमाया कि जिसे अल्लाह से कोई हाजत हो या किसी बन्दे से कोई हाजत हो, तो वुजू करे और अच्छी तरह से वुजू कर के फ़िर दो रक्अतें पढ़ कर अल्लाह की तारीफ़ करे और नबी करीम सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम पर दुरुद पढ़े और फिर अल्लाह से यों दुआ मांगे

istikhare-ki-dua

इस्तिख़ारे की दुआ​

इस्तिख़ारे की दुआ​: हज़रत जाबिर रज़ियल्लाहु अन्ह फ़रमाते हैं कि अल्लाह के रसूल सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम हम को इस्तिख़ारा इस तरह (एहतिमाम से) सिखाते थे, जैसे करआन शरीफ़ की सरः सिखाते थे और यों इर्शाद फ़रमाया करते थे कि जब तुम्हें कोई काम हो, तो दो रक्अत नमाज़ नफ़्ल पढ़ कर यह दुआ करो

nafli namaze

नफ़्ली नमाजें

नफ़्ली नमाजें: तहज्जुद की नमाज़, इशराक़ की नमाज़, नमाज़े जुहा यानी चाश्त की नमाज़, नमाज़ अव्वाबीन, हाजत की नमाज़, नमाज़े तस्बीह,