सूरह अल-फ़लक़ हिन्दी में

हिन्दी में सूरह अल-फ़लक़

यह सूरह मक्की है, इस में 5 आयतें हैं। इसका नाम इस की प्रथम आयत में फ़लक़ शब्द आने के कारण रखा गया है। जिस का अर्थ सुबह है।

सूरह अल-फ़लक़ हिन्दी में

बिस्मिल्लाह-हिर्रहमान-निर्रहीम

  1. कुल अऊजु बिरब्बिल फलक
  2. मिन शर रिमा ख़लक़
  3. वामिन शर रिग़ासिकिन इज़ा वकब
  4. वमिन शर रिन नफ़फ़ासाति फ़िल उक़द
  5. वमिन शर रिहासिदिन इज़ा हसद

हिंदी अनुवाद के साथ सूरह अल-फ़लक़

बिस्मिल्लाह-हिर्रहमान-निर्रहीम
अल्लाह के नाम से, जो अत्यन्त कृपाशील तथा दयावान् है।

  1. कुल अऊजु बिरब्बिल फलक
    (हे नबी!) कहो कि मैं भोर के पालनहार की शरण लेता हूँ।
  2. मिन शर रिमा ख़लक़
    हर उसकी बुराई से, जिसे उसने पैदा किया।
  3. वामिन शर रिग़ासिकिन इज़ा वकब
    तथा रात्रि की बुराई से, जब उसका अंधेरा छा जाये।
  4. वमिन शर रिन नफ़फ़ासाति फ़िल उक़द
    तथा गाँठ लगाकर उनमें फूँकने वालियों की बुराई से।
  5. वमिन शर रिहासिदिन इज़ा हसद
    तथा द्वेष करने वाले की बुराई से, जब वह द्वेष करे।

Surah Al-Falaq in English

Bismillaahir Rahmaanir Raheem

  1. Qul a’oozu bi rabbil-falaq
  2. Min sharri maa khalaq
  3. Wa min sharri ghaasiqin izaa waqab
  4. Wa min sharrin-naffaa-saati fil ‘uqad
  5. Wa min sharri haasidin izaa hasad

Surah Al-Falaq English Translation

In the name of Allah, Most Gracious, Most Merciful.

  1. Say: I seek refuge with the Lord of the Dawn
  2. From the mischief of created things;
  3. From the mischief of Darkness as it overspreads;
  4. From the mischief of those who practise secret arts;
  5. And from the mischief of the envious one as he practises envy.
Share this:
error: Content is protected !!